जमुई, मार्च 23 -- झाझा, निज प्रतिनिधि संसाधन के अभाव में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दे पाना मुश्किल है। छात्रों की संख्या लगातार बढ़ रही है लेकिन उनके हिसाब से इंफ्रास्ट्रक्चर विकास नहीं हो रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों के कई स्कूलों में बिजली की व्यवस्था नही हैं। आए दिन समस्याएं बढ़ रही है। राज्य सरकार शिक्षा व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। लेकिन संसाधन के अभाव में शिक्षा व्यवस्था प्रभावित होती जा रही है। गरमी में तपते, सर्दी में ठिठुरते और बारिश में चिपचिपाते फर्श पर बैठकर सरकारी स्कूलों में बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। तो कही डेस्क के अभाव में जमीन पर बैठते हैं। स्कूलों में कमरों का अभाव भी है। बरामदे में पढ़ाई करनी पड़ती है। झाझा प्रखंड के केशोपुर पंचायत के गांव मकरंद में अवस्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय में शिक्षकों की...