धनबाद, मई 1 -- भीषण गर्मी में झरिया विधानसभा क्षेत्र और पुटकी क्षेत्र की करीब दस लाख की आबादी बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रही है। बिजली विभाग की लचर कार्यप्रणाली और बार-बार होने वाली ट्रिपिंग ने जामाडोबा स्थित झमाडा वाटर ट्रीटमेंट प्लांट की कमर तोड़ दी है। पिछले 30 घंटों से अधिक समय से प्लांट बंद रहने के कारण जलापूर्ति पूरी तरह ठप है, जिससे स्थानीय जनता का धैर्य अब जवाब दे रहा है। पानी की किल्लत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि झरिया, भागा, जोड़ापोखर, डिगवाडीह, शालीमार, जियलगोरा, बस्ताकोला, धनसार, शिमलाबहाल, कोलियरी क्षेत्र और पुटकी जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में हाहाकार मचा है। डिगवाडीह की गृहिणी रुपाली देवी ने अपना दर्द साझा करते हुए कहा कि घर में एक बूंद पानी नहीं है। खाना बनाना और बच्चों को नहलाना तक दूभर हो गया है। सबसे बड़ी विड...
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