नई दिल्ली, अक्टूबर 9 -- ीजसुप्रीम कोर्ट ने कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) और इसकी ओर से आयोजित जंतर-मंतर प्रोटेस्ट को लेकर एक बार फिर नरमी दिखाई है। देश की सबसे बड़ी अदालत ने सीजेपी प्रोटेस्ट के दौरान दर्ज एफआईआर की जांच की मांग करने वाली याचिका को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि केसों को रद्द किए जाने के पुराने फैसले पर दोबारा विचार की मांग की गई है। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) सूर्यकांत की अगुआई वाली बेंच ने यह भी बताया कि कैसे विद्यार्थियों के भविष्य को ध्यान में रखकर मुकदमों को रद्द किया गया। अदालत से यह फैसला ऐसे समय पर आया है जब एक दिन बाद ही सीजेपी दोबारा जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने का ऐलान कर चुकी है। इस बार उनकी मांग देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा है। सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी मोहना की ब...