दुमका, जनवरी 24 -- शिकारीपाड़ा, प्रतिनिधि। बसंत पंचमी के अवसर पर स्वयंसेवी संस्थान द्वारा प्रकृति नमन दिवस मनाया गया। पद्मभूषण डॉ० अनिल प्रकाश जोशी की अगुवाई में सम्पूर्ण भारत में नेचर नेटवर्क के बैनर तले प्रकृति नमन दिवस प्रत्येक वर्ष बसंत पंचमी के दिन मनाने की शुरुवात की गई है। प्रकृति के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए पर्यावरण का सम्मान, संरक्षण और संबर्धन हेतु सामुदायिक भागीदारी पर जोर देते हुए प्रवाह संस्था के परियोजना समन्वयक प्रेम कुमार ने बताया कि जीवन चक्र के लिए पेड़-पौधों, नदियों, जंगलों, पर्वतों एवं समस्त जैव-विविधता के अस्तित्व के मर्म को समझना आज हर एक नागरिक का प्राथमिक कर्तव्य है। कहा मानव जीवन की निरंतरता प्रकृति के संरक्षण से ही संभव है। वर्तमान समय में जलवायु परिवर्तन मानव जीवन के लगभग हर पहलू को गहराई से प्रभावित कर रह...