गोरखपुर, अक्टूबर 6 -- गोरखपुर, राजीव दत्त पाण्डेय अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों से निकलने वाले जैव-चिकित्सकीय कचरे के सुरक्षित निस्तारण के लिए सुथनी में देश की पहली 40 एकड़ की इंटीग्रेटेड वेस्ट मैनेजमेंट सिटी कम लर्निंग सेंटर परिसर में बनने वाले केंद्र के लिए अब भूमि आवंटन की प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार कर रहा है। नगर निगम ने यहां प्रतिदिन 10 टन क्षमता वाले कॉमन बायो-मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट एंड डिस्पोजल फैसिलिटी की स्थापना के लिए फर्म का चयन कर बोर्ड की स्वीकृति भी ले ली है।जैव-चिकित्सकीय कचरा निस्तारण केंद्र संचालन के लिए ई-निविदा के माध्यम से मेसर्स मेडिकेयर एनवायरमेंटल प्राइवेट लिमिटेड चयनित है। कंपनी नगर निगम को हर माह 18 लाख रुपये रॉयल्टी देनी होगी। यह भी पढ़ें- Gorakhpur News: जैव-चिकित्सकीय कचरा निस्तारण केंद्र के लिए भूमि आवंट...