जेन-जी से संवाद
नई दिल्ली, सितम्बर 8 -- गुजरात के वडोदरा में महाराजा सयाजीराव यूनिवर्सिटी मैदान में हजारों पेशेवर युवाओं से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संवाद के गहरे निहितार्थ हैं। इस समय देश में सबसे ज्यादा मुखर अगर कोई वर्ग है, तो वह जेन-जी ही है। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के आंदोलन ने देश-दुनिया को इसकी शक्ति का एहसास भी करा दिया है। तमाम राजनीतिक दल और संगठन अब इसे गंभीरता से लेने लगे हैं। गौर कीजिए, कुछ ही दिनों पहले राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने भी इस पीढ़ी से संवाद किया था और जेन-जी व जेन-अल्फा को पुरानी पीढ़ियों से अधिक देशभक्त करार दिया था। दरअसल, आधुनिक तकनीक की समझ के मामले में यह पीढ़ी किसी भी आयु-वर्ग के लोगों से कहीं अधिक दक्ष है और सोशल मीडिया पर सर्वाधिक सक्रिय भी है। ऐसे में, बहुत जरूरी है कि इस वर्ग की अपेक्षाओं, चि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.