मधुबनी, अप्रैल 16 -- शैलेंद्र कुमार मधुबनी। मिथिला का पारंपरिक लोक पर्व जुड़शीतल श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। सुबह से ही घरों और मंदिरों में पूजा-अर्चना का दौर शुरू हो गया। पूजा के बाद बड़े-बुजुर्गों ने छोटे बच्चों के सिर पर जल डालकर 'जुड़ायल रहु' का आशीर्वाद दिया, जो इस पर्व की प्रमुख परंपरा मानी जाती है।शहर के बसुआरा स्थित रामजानकी मंदिर सहित कई मंदिरों में महिलाओं और श्रद्धालुओं की भीड़ रही। पूजा के बाद मंदिर पहुंचे बच्चों के सिर पर शीतल जल डालकर उन्हें सुख-समृद्धि का आशीष दिया गया। लोगों का मानना है कि इस दिन दिया गया आशीर्वाद पूरे वर्ष शीतलता और सुख बनाए रखता है। यह भी पढ़ें- पारंपरिक रूप से मना जूड़-शीतल का पर्व मौके पर सीमा कुमारी, महंथ कौशल किशोर मंडल व अन्य थे। पर्व के अवसर पर घरों में विशेष पकवान तैयार किए गए। सुबह ही दिनभर और...