नई दिल्ली, जून 20 -- केरल से तेज रफ्तार से आगे बढ़ने के बाद भी दक्षिण-पश्चिम मॉनसून पर आगे जाकर ब्रेक लग गया है। मौसम विभाग ने पहले भी अल-नीनो की वजह से कम बारिश की भविष्यवाणी की थी। हालांकि शुरुआत में लगा कि मॉनसून की रफ्तार अच्छी है और बहुत जल्द यह पूरे देश को कवर कर लेगा। 4 जून के बाद से मॉनसून पर ब्रेक लग गया और यह महाराष्ट्र और बिहार में जहां का तहां ठहर गया। कम बारिश की आशंकाओं के बीच देश में पानी के संकट को लेकर आशंकाएं बढ़ती जा रही हैं। किसानों को धान की फसल के लिए भी पानी का इंतजार है। अगर बारिश कम हुई तो खरीफ की फसल को बड़ा नुकसान हो सकता है। 18 जून तक की बात करें ते इस महीने में 40 फीसदी कम बारिश हुई है। बार-बार आने वाले पश्चिमी विक्षभों, प्रशांत विक्षोभ, कमजोर मैडन जूलियन दोलन, नमी की कमी और अल नीनो की वजह से मॉनसून बेहद कमजोर...