बरेली, मार्च 25 -- बरेली कॉलेज के दर्शन शास्त्र विभाग के एमए द्वितीय सेमेस्टर के विद्यार्थियों के मध्य रचनात्मक लेखन प्रतियोगिता कराई गई। 40 मिनट का समय देते हुए विद्यार्थिययों को इन स्पॉट विषय आधुनिक परिदृश्य में दर्शन और विश्व शांति दिया गया। कार्यक्रम में 18 विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम में प्राचार्य प्रो. ओपी राय, चीफ प्रॉक्टर प्रो. आलोक खरे, परीक्षा नियंत्रक प्रो. राजेंद्र सिंह, प्रो. आनंद लखटकिया का विभाग प्रभारी प्रो. आरके गुप्ता ने स्वागत किया। प्राचार्य ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि विचारों का मूल दर्शन में निहित है। जिसका कोई सम्यक दर्शन नहीं उसका जीवन निरर्थक है। प्रो. आलोक खरे ने दर्शन को विज्ञान से आगे का चिन्तन बताया। प्रो. राजेन्द्र सिंह ने दर्शन को केन्द्रीय ज्ञान कहा। प्राचार्य ने विजेताओं को पुरस्कृत किय...
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