प्रयागराज, जून 5 -- प्रयागराज। साउथ मलाका में संपत्ति विवाद और आपसी मनमुटाव की वजह से हुआ खूनी संघर्ष जिले का पहला मामला नहीं है। जिले की तहसीलों में अफसरों की मेज पर ऐसे आवेदनों की भरमार पड़ी है। अगर आठ तहसीलों में ही देखा जाए तो 55 हजार से अधिक मामले इस वक्त सुनवाई में चल रहे हैं, जबकि न्यायालय में चलने वाले विवाद इससे इतर हैं। डीएम मनीष कुमार वर्मा की जनसुनवाई हो या फिर किसी भी तहसील में एसडीएम की सुनवाई, इस जिले में सर्वाधिक मामले जमीन विवाद के ही आते हैं। अधिकांश मामलों में बंटवारा, भाइयों के बीच जमीन का विवाद, भाई की ओर से जमीन पर कब्जा और पिता की ओर से अनावश्यक बेदखली की कार्रवाई तो कई मामलों में पिता बेटों पर ही घर से निकालने की शिकायत करते हैं। अफसरों का कहना है कि सभी आठ तहसीलों में 55 हजार से अधिक ऐसे मामले हैं। पिछले दिनों राज...