हाथरस, फरवरी 18 -- हाथरस। हाथरस जिले के दो गांवों की मिट्टी में जीवाश्म कार्बन की मात्रा को बढ़ाने के लिये दो गांव का चयन किया गया है। इनमें से एक गांव को बीज संवर्धित तो दूसरे को जैव संवर्धित गांव के रूप में मॉडल के तौर पर विकसित किया जायेगा, जो प्रदेश की उन्नत खेती की नींव रखेंगे। इसको लेकर चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए) ने 15 जिलों के दोनों गांव को चिह्नित करने के साथ नोडल अधिकारी भी नियुक्त कर दिए हैं। किसानों की आय बढ़ाने और लोगों के स्वास्थ्य के लिए चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए) की ओर से मृदा में जैविक पदार्थ बढ़ाओ संकल्प अभियान 2026-30 शुरू किया गया है। इसके तहत विवि से संबद्ध 15 जिलों में स्थित कृषि विज्ञान केंद्रों के माध्यम से दो-दो गांव को चिह्नित किया गया है। इसमें हाथरस...