हमीरपुर, अप्रैल 12 -- हमीरपुर, संवाददाता। जनपद में बहने वाली यमुना-बेतवा नदियों में कई स्थानों पर आज भी लोगों को जान जोखिम में डालकर आवाजाही करनी पड़ती है। नावों के जरिए लोग बिना किसी लाइफ जैकेट और दूसरे उपकरणों के नदियों को पार करते हैं। केन-विरमा जैसी नदियां भी जो कई स्थानों पर गहरी है उनमें भी नावों के जरिए आवाजाही करने वाले जान हथेली पर रखकर सफर करते हैं। कई बार गंभीर हादसे भी हुए है, मगर आज तक नावों से आवजाही करने वालों को लेकर किसी किस्म के सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए। हादसों के बाद ही प्रशासनिक स्तर पर तेजी दिखती है। वृंदावन धाम में हुए एक गंभीर हादसे के बाद जनपद में भी कई ऐसे स्थान हैं जहां लोग मजबूरी में कोई साधन और पुल के अभाव में नदियों को नावों के सहारे पार करते हैं। बारिश के दिनों में जब नदियां उफान पर होती हैं, तब इन नदियों क...