लखनऊ, मई 9 -- स्मार्ट मीटरों के गुणवत्ता की जांच कर रही समिति ने अंतरिम जांच रिपोर्ट पावर कॉरपोरेशन को गुपचुप सौंप दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश पर 12 अप्रैल को चार सदस्यीय समिति गठित करके स्मार्ट मीटर की जांच करवाने के आदेश दिए गए थे। पावर कॉरपोरेशन ने रिपोर्ट शासन को भेज दी है।

रिपोर्ट को गोपनीय रखने पर सवाल राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने अंतरिम रिपोर्ट को गोपनीय रखे जाने पर सवाल उठाए हैं। उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि यह करोड़ों लोगों से जुड़ा मामला है, लिहाजा रिपोर्ट सार्वजनिक की जानी चाहिए। उन्होंने जांच की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए हैं। अवधेश ने कहा कि केवल विभागीय लैब में मीटर की सटीकता की जांच करना ही पर्याप्त नहीं है। मीटर की वास्तविक और व्यापक जांच तभी संभव है जब उसे मीटर डाटा मैनेजमेंट सिस्...