धनबाद, मई 7 -- कोयला मंत्रालय की ओर से कंपनियों के लिए जारी संदेश में भूमिगत कोल गैसीकरण को बढ़ावा देने का आह्वान किया है। मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि जहां कोयले का खनन संभव नहीं, वहां भूमिगत कोल गैसीकरण के माध्यम से कोयला का उपयोग ऊर्जा सुरक्षा के लिए करें। कोल गैसीकरण की संभावना और अब तक के प्रयास पर विस्तार से जानकारी दी गई है। लिखा गया है कि भारत में कोयला गैसीकरण को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने 2030 तक 100 मिलियन टन गैसीकरण क्षमता प्राप्त करने के लक्ष्य के साथ विशेष प्रोत्साहन योजनाएं शुरू की हैं, जिसमें 7 प्रमुख परियोजनाओं के लिए तैयारी की जा रही है। अब तक 8500 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता को मंजूरी दी गई है और गैसीकरण के लिए विशिष्ट कोयला ब्लॉकों को वाणिज्यिक नीलामी के तहत आवंटित किया जा रहा है। झारखंड-बंगाल की सीमा पर भी गैसीक...