सिमडेगा, अप्रैल 4 -- सिमडेगा, प्रतिनिधि। जिले में इन दिनों पेयजल संकट लगातार गहराता जा रहा है। बढ़ती गर्मी के साथ ही जलस्तर में तेजी से गिरावट दर्ज की जा रही है। जिससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में पानी की किल्लत साफ दिखने लगी है। गर्मी के कारण चपाकल सूखने लगे हैं। कुओं का जलस्तर नीचे चला गया है और कई इलाकों में लोगों को दूर-दूर से पानी लाना पड़ रहा है। स्थिति यह है कि कई परिवारों की दिनचर्या अब पानी की तलाश में ही बीत रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस संकट के पीछे अनियंत्रित भूजल दोहन सबसे बड़ा कारण है। जिले में बिना किसी ठोस योजना के बोरिंग की संख्या लगातार बढ़ी है। जिससे जमीन के अंदर का जल तेजी से खत्म हो रहा है। इसके अलावा वर्षा जल का समुचित संरक्षण नहीं होना भी एक बड़ी समस्या बनकर उभरा है। हर साल अच्छी बारिश के बावजूद पानी क...
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