नवादा, जून 1 -- मौसम के बदलते मिजाज और कमोबेश लगातार तेज-तर्रार गर्मी के बीच नवादा जिले में जल संकट ने परेशान कर रखा है। एक तरफ जहां मौसम के उतार-चढ़ाव से ग्रामीण जनजीवन प्रभावित है, वहीं दूसरी तरफ जिले के भूजल स्तर में रिकॉर्ड गिरावट देखी जा रही है। इस साल वैशाख और जेठ की तपिश शुरू होते ही जिले का औसत वाटर टेबल पिछले साल के मुकाबले काफी नीचे चला गया है, जिसके कारण अधिकांश चापाकल, कुएं और पारंपरिक जल स्रोत पूरी तरह सूख चुके हैं। ​दक्षिण बिहार के क्रिटिकल जोन में शामिल नवादा के पथरीले और मैदानी इलाकों में पानी के लिए परेशानी चरम पर है। अत्यधिक दोहन और कम वर्षा के कारण सतह का पानी काफी नीचे चला गया है। जल स्तर में आई गिरावट बीते और चालू वर्षों का अंतर स्पष्ट कर रहा है। इस वर्ष सामान्य सतह के जलस्तर में खासी गिरावट आई है। सामान्यत: सभी प्रखं...