लोहरदगा, नवम्बर 20 -- कुडू, प्रतिनिधि।जल है तो जीवन है, जल, जंगल और जमीन झारखंड राज्य का पहचान है। हमारी मिट्टी, हमारा पानी जंगल सुरक्षित रहे और जल संरक्षण के लिए राज्य सरकार जल छाजन योजना के तहत कार्य कर रही है। जिससे यहां के किसान मानसून पर केवल आश्रित न रहकर दो तीन फसल तैयार कर सकेंगे। इस योजना के किसान और राज्य खुशहाल होगा। हमारे भूखंड में सब कुछ दिया हैं, जरूरत है इसे संजोने की। जल एवं मिट्टी संरक्षण को जनसहभागिता के साथ जोड़कर ही सतत विकास को गति दी जा सकती है। जल छाजन योजना शुरू होने के बाद वर्तमान समय में 40 हजार हेक्टेयर अतिरिक्त भूमि सिंचित भूमि बन चुका है। उपरोक्त बातें झारखंड के ग्रामीण विकास व पंचायती राज मंत्री दीपिका पाण्डेय सिंह ने गुरुवार को लोहरदगा जिले के कुडू प्रखण्ड के उमरी फुटबाल मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय वाटरशेड...
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