लखनऊ, मार्च 23 -- लखनऊ, विशेष संवाददाता। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देश पर विश्व जल दिवस के अवसर पर सोमवार को जवाहर भवन स्थित ग्राम्य विकास आयुक्त कार्यालय में संगोष्ठी हुई। 'ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा के प्रभाव एवं जल प्रबंधन की चुनौतियां' विषय पर हुई संगोष्ठी में ग्राम्य विकास आयुक्त जीएस प्रियदर्शी ने कहा कि जल संरक्षण के क्षेत्र में निरंतर और ठोस काम किए जाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जलागम क्षेत्र (कैचमेंट) के समुचित आकलन के बिना तालाब निर्माण से बचना चाहिए। अन्यथा की सूरत में अपेक्षित परिणाम प्राप्त नहीं होते हैं। उन्होंने अधिकारियों से व्यावहारिक और क्रियान्वयन योग्य कार्ययोजनाएं तैयार करने की अपील की। संगोष्ठी में विशेषज्ञों ने सुझाव दिया कि जल संरक्षण को स्थायी बनाने के लिए तकनीकी मार्गदर्शन को सुदृढ़ किया जाए।...
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