बांका, अप्रैल 13 -- बांका, नगर प्रतिनिधि। जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभाव ने जिले के किसानों की मेहनत, पसीने और पूंजी पर सीधा असर डालना शुरू कर दिया है। बीते एक महीने से जिले में बीच बीच में हो रही वर्षा के कारण अब तक गेहूं की कटाई और तैयारी पूरी तरह से नहीं हो सकी है।इससे किसानों में चिंता का माहौल बना हुआ है, क्योंकि समय पर फसल तैयार नहीं होने से उसके उत्पादन पर भी असर पड़ सकता है। जबकि विशेषज्ञों का मानना है कि, जलवायु परिवर्तन एक धीमी लेकिन गहरी प्रक्रिया है, जो फसल पद्धति में बदलाव की मांग कर रही है। पहले जहां हल्की और संतुलित वर्षा गेंहू के फ़सल के लिए अनुकूल होती थी, वहीं अब अत्यधिक वर्षा फसलों के लिए नुकसानदायक साबित हो रही है। ऐसे में पारंपरिक बीजों की जगह नई जलवायु-अनुकूल किस्मों को अपनाना समय की आवश्यकता बन गई है। वहीं जिले में ...