एटा, अगस्त 10 -- 14 वर्ष पहले सकीट क्षेत्र में जमीन विवाद में युवक की हत्या कर शव जंगल में फेंकने के मामले में जिला जज ने आरोपी को दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। डीजीसी रेशपाल सिंह राठौर के अनुसार थाना सकीट के गांव नूरपुर निवासी गीता पत्नी मुन्नालाल ने 29 मई 2012 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि जेठ प्रेम सिंह दिमागी रुप से कमजोर थे उनकी दो बीघा जमीन कुसाड़ी के पास पड़ी थी उसे 22 लाख में बेच दी थी। इसका मामला कोर्ट में चल रहा था। पति मुन्नालाल मामा डिप्टी सिंह निवासी नूरपुर सकीट के पास रहते थे उनके कोई बच्चा नहीं था। जमीन के मामले में 30 मई को कोर्ट में तारीख थी। इससे एक दिन पहले आरोपी कैलाश पुत्र मुरलीधर निवासी नूरपुर सकीट अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर समझौता के बहाने पति को साथ ले गए थे।आरोपी मामा की जमीन को हड़पना च...