नई दिल्ली, अगस्त 30 -- सुप्रीम कोर्ट की जज बी. वी. नागरत्ना ने शनिवार को कहा कि कानूनी व्यवस्था लंबित मामलों, देरी और बढ़ती लागत की समस्या से जूझ रही है। उन्होंने वकीलों से अपनी सोच बदलने, अपनी भूमिका पर पुनर्विचार करने और न्याय व्यवस्था को बनाए रखने के लिए एकजुट होकर आवाज उठाने का आह्वान किया। जस्टिस नागरत्ना ने दिल्ली स्थित राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के 13वें दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि जब किसी बार काउंसिल को उसके सदस्य ही सम्मान नहीं देते, तो यह कानूनी पेशे के लिए अच्छा संकेत नहीं है।बार काउंसिल पर जताई चिंता उन्होंने कहा कि बार काउंसिल को पेशेवर नैतिकता, सदाचार और पेशेवर दक्षता को बनाए रखने में अपनी भूमिका और महत्व पर आत्ममंथन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि वकील भी परेशान वादियों को न्याय दिलाने और देश...