जन्म के आधे घंटे के भीतर स्तनपान से बढ़ती है शिशु की रोग प्रतिरोधक क्षमता
शामली, अगस्त 7 -- शामली। कलेक्ट्रेट स्थित एनआईसी सभागार में वेबकास्ट एवं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से विश्व स्तनपान सप्ताह (1 से 7 अगस्त) के अंतर्गत पोषण पाठशाला तथा आयुष्मान भारत विषयक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, कुपोषण की रोकथाम और स्तनपान के महत्व पर विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यशाला में बताया गया कि समाज में आज भी स्तनपान को लेकर जागरूकता की कमी है। नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे के अनुसार 100 में से केवल 43 शिशुओं को ही जन्म के बाद समय पर मां का दूध मिल पाता है, जबकि प्रत्येक नवजात को जन्म के तुरंत बाद मां का दूध मिलना चाहिए। यह भी पढ़ें- विश्व स्तनपान सप्ताह के अवसर पर 1 से 7 अगस्त, 2026 तक जिले के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों एवं प्रखंड स्तर पर जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। कार...
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