जन्मजात दांत नहीं बनने के पीछे 'जीन' जिम्मेदार
वाराणसी, जून 30 -- वाराणसी। आईएमएस बीएचयू में सेंटर फॉर जेनेटिक डिसऑर्डर्स के वैज्ञानियों ने जन्म से दांत नहीं निकलने की समस्या (जन्मजात दंत-अभाव) पर बड़ा शोध किया है। उन्होंने शोध में पाया कि नए जीन ओआर4एफ21 और एमआरटीएफबी के कारण जन्मजात दांत नहीं बनते। शोधकर्ताओं ने पहली बार इन दो जीन की खोज की है। इस शोध का यह भी निष्कर्ष है कि जन्मजात दांत नहीं होने से 50 साल की उम्र के बाद कैंसर, किडनी रोग आदि की समस्या हो सकती है। यह शोध अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक पत्रिका 'जीन' के इसी माह के अंक में प्रकाशित हुआ है। बच्चे के जन्म के छह महीने बाद उसके दांत निकलने लगते हैं। ढाई साल की उम्र तक सभी दांत निकल जाते हैं। वहीं 18 साल की उम्र में पक्के दांत निकल जाते हैं। कई बार किसी मरीज में दो, तीन या उससे अधिक दांत नहीं होते हैं। यह समस्या की वजह जानने के लि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.