जनखत को विरासत क्षेत्र घोषित करने की मांग, पुरातत्व विभाग को सौंपे साक्ष्य
कन्नौज, जून 17 -- ठठिया। करीब दो हजार वर्ष पुराने गौरवशाली इतिहास को समेटे जनखत गांव को ''स्वदेश दर्शन-2'' योजना में शामिल कर ''विरासत क्षेत्र'' घोषित करने की मांग तेज हो गई है। ''जनखत सेवा आश्रम ट्रस्ट'' के पदाधिकारियों ने इस संबंध में उत्तर प्रदेश के समाज कल्याण राज्य मंत्री असीम अरुण को एक मांग पत्र सौंपा है। इतिहासकारों के अनुसार, जनखत कभी नागवंशी राजा वीरसेन की राजधानी हुआ करता था, जिसका उल्लेख ब्रिटिश काल के पुरातत्वविद रिचर्ड वेड्सन ने 1911 में किया था। इसके बाद, वर्ष 1980 में भारतीय पुरातत्व विशेषज्ञ डॉ. असर्फी लाल श्रीवास्तव ने यहाँ के प्राचीन खंडहरों और मूर्तियों का विस्तृत अध्ययन किया। उनके शोध के बाद तत्कालीन प्रशासन ने प्राचीन ''तोरण स्तंभ'' को पुरातत्व विभाग के संरक्षण में दे दिया था, जिस पर अंकित लिपि राजा वीरसेन के विस्त...
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