कानपुर, मार्च 18 -- ईरान-अमेरिका के बीच जंग का असर अब सीधे आम आदमी की जिंदगी पर दिखने लगा है। रोजमर्रा की महंगाई से जूझ रहे लोगों के लिए अब इलाज कराना भी और महंगा होता जा रहा है। ग्लब्स, सिरिंज, कैन्युला और ड्रिप सेट, ग्लिसरीन समेत कई सर्जिकल सामान की कीमतों में बढ़ोतरी ने इलाज का खर्च बढ़ा दिया है, जिसका सीधा बोझ मरीजों की जेब पर पड़ रहा है। थोक दवा एसोसिएशन के महामंत्री राजेंद्र सोनी के अनुसार, विदेशी कंपनियों ने ग्लव्स सिरिंज समेत कई सर्जिकल उत्पादों पर 4 से 5 प्रतिशत तक कीमत बढ़ाने का संदेश भेजा है। वहीं, भारतीय कंपनियों ने भी कच्चे माल की लागत और आयात खर्च बढ़ने का हवाला देते हुए 7 से 10 प्रतिशत तक दाम बढ़ाने की तैयारी कर ली है। इससे थोक और फुटकर बाजार में अस्थिरता का माहौल बना हुआ है। सर्जिकल सामान व्यापारी सचिन जैन बताते हैं कि कंप...