आगरा, जून 17 -- बिना लाइसेंस दवा बेचने के 13 साल पुराने मामले में छापा मारने गई टीम के किसी कर्मचारी को गवाही के लिए पेश नहीं किया गया। लापरवाही बरती गई। अदालत ने आरोपित राजकुमार निवासी ताजगंज को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करने के आदेश दिए। तत्कालीन एडीएम सिटी के निर्देश पर औषधि निरीक्षक जयवीर सिंह ने आरोपित की दवा की दुकान पर छापामार उसे बिना लाइसेंस दवा विक्रय करने के आरोप में पकड़ा था। आरोपित के विरुद्ध औषधि एवं सौंदर्य प्रशाधन अधिनियम के तहत औषधि निरीक्षक ने अदालत में परिवाद पत्र प्रस्तुत किया था। 13 वर्ष चले विचारण उपरांत भी अभियोजन पक्ष द्वारा एक मात्र औषधि निरीक्षक जगवीर सिंह की ही गवाही दर्ज कराई गई। उनके साथ छापा मारने गए किसी भी कर्मी को गवाही के लिए कोर्ट में पेश नहीं किया गया। न ही उक्त मामले में विधिक प्रावधान का पालन किया ...