रांची, मार्च 27 -- रांची। संवाददाता रांची में रसोई गैस की कमी का असर स्टूडेंट्स हॉस्टल और किराए के कमरों में रहने वाले बैचलर्स पर भी पड़ने लगा है। सबसे ज्यादा परेशानी खुदरा दुकानों से 5 किलो वाले सिलेंडर रिफिल कराने वाले छात्र-छात्राओं को हो रही है। अधिकांश बैचलर्स कामकाजी युवा भी इन्हीं गैस सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं। गैस की किल्लत के कारण शहर के गली-मोहल्लों में चलने वाली गैस रिफिलिंग दुकानें बंद हो गई हैं। वहीं, गैस नहीं मिलने के कारण कई छात्र हॉस्टल छोड़कर अपने घर लौटने लगे हैं, इससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है।स्थानीय छात्रों के अनुसार, गैस की कमी के कारण रोजमर्रा का जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। कई छात्र गैस कि किल्लत के कारण पहले घर वापस जा चुके हैं। मेस पर निर्भर बाहर से पढ़ने आए छात्रों को अब घर से अतिरिक्त पैसे मंगवाने पड़ रहे...