रांची, फरवरी 14 -- रांची। चेक बाउंस में न्यायायुक्त एके मिश्रा की अदालत ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को सही ठहराते हुए शिकायतकर्ता की अपील खारिज कर दी। साथ ही आरोपी की बरी होने की स्थिति बरकरार रखी। मामला मॉन्टी द्वारा दायर उस शिकायत से जुड़ा था, जिसमें आरोप लगाया गया था कि आरोपी बिल्डर असमुद्दीन अंसारी ने फ्लैट खरीद-बिक्री के एवज में ली राशि लौटाने के लिए 15-15 लाख के दो चेक दिए, जो बाउंस हो गए थे। ट्रायल कोर्ट ने 5 अगस्त 2025 को आरोपी को बरी कर दिया था। इस पर शिकायतकर्ता ने अपील दाखिल की। कोर्ट ने पाया कि चेक भले ही आरोपी के खाते के थे, पर जारी होने के पीछे वैध देनदारी को लेकर संदेह बना हुआ है। कोर्ट ने माना कि फ्लैट सौदे की रकम और दस्तावेजों में अंतर है, जिससे शिकायतकर्ता की कहानी पूरी तरह विश्वसनीय नहीं लगती। इसके बाद अदालत ने अपील खारिज ...