चित्तर पुरवा में श्रीराम-सीता विवाह प्रसंग का वर्णन
कन्नौज, मई 28 -- मिरगावां। शिव मंदिर परिसर चित्तरपुरवा में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के चतुर्थ दिवस पर बुधवार को श्रीराम-सीता विवाह प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा व्यास प्रेम सागर पांडेय ने कहा कि गृहस्थ जीवन की सफलता मर्यादा और वचनों के पालन पर आधारित होती है। उन्होंने कहा कि विवाह में लिए गए सात और पांच वचनों का पालन करने से दांपत्य जीवन में सुख, शांति और विश्वास बना रहता है। कथा में भगवान श्रीराम के जनकपुर आगमन से लेकर धनुष भंग और विवाह तक के प्रसंग का वर्णन किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच श्रीराम-सीता विवाह संपन्न हुआ। व्यास ने कहा कि इन वचनों के पालन से पारिवारिक संबंध मजबूत होते हैं और विवाद स्वतः समाप्त हो जाते हैं। कार्यक्रम में परीक्षित राम विलास पाल व कमलेश कुमारी सहित नितिन पाल, घनश्याम सिंह, शिवरतन पाल, मोहन लाल, लालत...
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