बरेली, सितम्बर 11 -- नवाबगंज। चार साल पहले अपनी पासबुक अपडेट कराने के लिए गई एक किशोरी अचानक लापता हो गई। कोर्ट में पेश किया तो उसने मौजूद अपने माता पिता को पहचानने इन्कार करते हुए खुद को दूसरे धर्म का बताया और शक्ति सदन में ही रहने की इच्छा जताई। कोर्ट ने उसे अपनी मर्जी से जाने की अनुमति दे दी। बाद में वह पुलिस के साथ वापस शक्ति सदन चली गई। नवाबगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में रहने वाले एक मुस्लिम धर्म के ग्रामीण की 15 वर्षीय बेटी कस्बे के एक कालेज में इंटरमीडिएट की छात्रा थी। पिता ने 25 जुलाई वर्ष 2022 को थाना नवाबगंज में बेटे के लापता हो ने का मुकदमा दर्ज कराया था। डेढ़ साल पहले पिता को पता चला कि वह कानपुर के शक्ति सदन में मौजूद है। शुक्रवार को कानपुर पुलिस उसे साथ लेकर कोर्ट पहुंची। कोर्ट में भी उसने अपने माता पिता को पहचानने से इन्का...