नई दिल्ली, जुलाई 26 -- टीनएजर्स में सोशल मीडिया की समस्या पर पांच साल तक ट्रैकिंग 11 हजार से ज्यादा युवाओं पर सर्वे के बाद पता चला कि

एडीएचडी के लक्षण एडीएचडी वाले लोग लगातार ध्यान न दे पाने, बिना सोचे समझे काम करने जैसी समस्याओं से जूझते हैं लड़कियों की तुलना में लड़कों में ये पैटर्न अधिक मजबूत जामा नेटवर्क ओपन में यह प्रकाशित हुआ है साथ में भारत में कितने बच्चे एडीएचडी से जूझ रहे वाशिंगटन, एजेंसी। आजकल सोशल मीडिया किशोरों की दिनचर्या का अभिन्न हिस्सा बन चुका है। हालांकि, इसे ज्यादा इस्तेमाल करना या इसे छोड़ने में असमर्थ होना बच्चों के मानसिक विकास पर गंभीर असर डाल रहा है। एक नई रिसर्च में यह बात सामने आई है कि जो किशोर सोशल मीडिया से दूरी नहीं बना पाते, उनमें आगे चलकर एडीएचडी(अटेंशन-डेफिसिट/हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर) के लक्षण बढ़ने की आश...