चतरा, मई 28 -- चतरा, प्रतिनिधि। बलिदान और त्याग का पर्व ईद-उल-अजहा यानी बकरीद गुरुवार को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गया। इस अवसर पर ईदगाह सहित जिला मुख्यालय की सभी 21 मस्जिदों में ईद-उल-अजहा की नमाज मुस्लिम धर्मावलंबियों ने अकीदत के साथ अदा की। सबसे अधिक नमाजियों की भीड़ ईदगाह में हुई। यहां सात बजे नमाज पढ़ी गई। ईदगाह में मुफ्ती सनाउल्लाह ने नमाज पढ़ाई। नमाज के पहले तकरीर में उन्होंने बकरीद की फजीलत बयान की। उन्होंने कहा कि यह पर्व हजरत इब्राहिम अलैहिस्सलाम और हजरत इस्माइल अलैहिस्सलाम की याद में मनाया जाता है। अल्लाह से हजरत इब्राहिम अलैहिस्सलाम को अपनी सबसे कीमती और प्यारी चीज को अल्लाह की राह में कुर्बान करने का हुक्म मिला था। उन्हें लगातार तीन दिनों तक सपना आया कि वह अपनी सबसे कीमती चीज को कुर्बान करें। यह देख हजरत इब्राहिम अलैहिस्स...