नई दिल्ली, जून 30 -- अयोध्या राम मंदिर के चढ़ावे में हेराफेरी के मामले में एक के बाद एक नए तथ्य सामने आ रहे हैं। चढ़ावे में हेराफेरी को लेकर एसआईटी और पुलिस की जांच में यह भी सामने आया है कि रकम की बंदरबांट में प्रमुख भूमिका गिरफ्तार आरोपी अविनाश शुक्ला की थी जबकि मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के करीबी रहे आरोपी रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव को सबसे अधिक हिस्सा मिलता था। आउटसोर्सिंग कंपनी के जरिए रखे गए आरोपी अविनाश शुक्ला की मंदिर परिसर में चढ़ावे की गिनती के बाद बैंक तक पहुंचाने में अहम भूमिका रहती थी। अब स्टेट बैंक आफ इंडिया के अधिकारियों व कर्मचारियों के अलावा आउटसोर्सिंग के कुछ अन्य कर्मचारियों के विरुद्ध भी कार्रवाई की तैयारी है। सूत्रों का कहना है कि संदेह के घेरे में आए तीन बैंककर्मियों पर जल्द कानूनी शिकंजा कसेगा। वही मुख्य एज...