जमशेदपुर, दिसम्बर 9 -- 11वां इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल चंडीगढ़ के पंचकूला में आयोजित किया जा रहा है। चार दिवसीय इस फेस्टिवल में अलग-अलग टॉपिक पर डिस्कशन, वर्कशॉप, एग्जीबिशन और साइंटिफिक मॉडल शो हो रहे हैं। 7 दिसंबर से शुरू हुए इस फेस्टिवल का समापन 9 दिसंबर को होगा। पूर्वी सिंहभूम से चयनित बर्मामाइंस स्थित बीपीएम हाई स्कूल की विज्ञान शिक्षिका अंजू कुमारी को भी इसमें शामिल होने का अवसर मिला है। पूरे प्रदेश से दो शिक्षकों का चयन किया गया है, जिनमें एक गुमला से और दूसरी अंजू कुमारी हैं, जिन्हें इस प्रतिष्ठित फेस्टिवल में भाग लेने का मौका मिला। फेस्टिवल का विजन इंडिजिनस इनोवेशन और विकसित भारत 2047 है। यह कार्यक्रम 6 से 9 दिसंबर तक सेक्टर-5 के दशहरा ग्राउंड में हो रहा है, जिसमें देशभर से बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स, युवा रिसर्चर्स, वैज्ञान...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.