रांची, सितम्बर 19 -- रांची, प्रमुख संवाददाता। डोरंडा के डिबड़ीह में रहने वाले आशीष कुजूर ने शनिवार को स्वेच्छा से घर वापसी की। उन्होंने नौ साल पहले सरना धर्म को छोड़कर इसाई धर्म स्वीकार कर लिया था। झारखंड आदिवासी सरना विकास समिति, धुर्वा की ओर से सरना स्थल पर आयोजित कार्यक्रम में आशीष की घर वापसी हुई। इस मौके पर पाहन कंचन होरो और पुजार बंधन भगत ने उनकी जनजाति आदिवासी मूल धर्म पुरखा-पूर्वज में वापस करायी। इस क्रम में सफेद मुर्गे की बलि दी गई। उनका पैर धोकर शुद्धिकरण किया गया। इसके बाद सरना चाला में पूजा एवं जल अर्पण करा कर समाज के लोगों की मौजूदगी में सम्मान के साथ घर वापसी करायी गई। समिति के अध्यक्ष मेघा उरांव ने बताया कि आशीष कुजूर ने संगठन को आवेदन देकर स्वेच्छा से अपने मूल धर्म में घर वापसी की इच्छा प्रकट की थी। समिति ने आवेदन को स्वीक...