गोंडा, जून 2 -- गोण्डा। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 को जिले में सख्ती से लागू किया जाएगा। मंगलवार को कलेक्ट्रेट में एडीएम आलोक कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में घर-घर कचरा पृथक्करण और डिजिटल निगरानी पर जोर दिया गया। नियम तोड़ने वालों से 'प्रदूषक भुगतान सिद्धांत' के तहत जुर्माना वसूला जाएगा। बैठक में तय हुआ कि स्रोत पर ही गीला, सूखा, सैनिटरी व विशेष देखभाल वाले कचरे को अलग करना अनिवार्य होगा। बल्क वेस्ट जनरेटर यानी बड़े होटल, अस्पताल, मॉल और अपार्टमेंट को खुद कचरा निस्तारण करना पड़ेगा। कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण और टिकाऊ शहरी वातावरण बनाने पर विशेष फोकस रहेगा। एडीएम ने निर्देश दिए कि नगर क्षेत्र में नियमों का शत-प्रतिशत पालन कराया जाए। यह भी पढ़ें- 100 किलो से अधिक कचरा पैदा करने वाली इकाइयों को करनी होगी खुद व्यवस्था इसके लिए जन-जागरू...