चतरा, अप्रैल 25 -- सिमरिया, प्रतिनिधि। सिमरिया अनुमंडल मुख्यालय के गोवा खुर्द में पिछले पांच दिनों से चल रहे शतचंडी महायज्ञ का शुक्रवार को हवन और भंडारे के साथ समापन हो गया। देवी मंडप में रामभद्राचार्य बालयोगी जी महाराज के नेतृत्व में देश के अलग अलग हिस्सों से आए विद्वानों द्वारा महायज्ञ में आहुति डाली गई।रामभद्राचार्य बालयोगी ने कहा कि मां दुर्गा को शक्ति की देवी कहा जाता है। दुर्गा जी को प्रसन्न करने के लिए जिस यज्ञ विधि को पूर्ण किया जाता है उसे शतचंडी महायज्ञ बोला जाता है। शतचंडी यज्ञ को सनातन धर्म में बेहद शक्तिशाली वर्णित किया गया है। इस यज्ञ से बिगड़े हुए ग्रहों की स्थिति को सही किया जा सकता है। यह भी पढ़ें- पुनपुन उद्गम स्थल कुंड की चर्चा कई शहरों में होती है : जीयर स्वामी जी महाराज इस विधि के बाद सौभाग्य आपका साथ देने लगता है। इस ...
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