लखीमपुरखीरी, जुलाई 11 -- गुरुवार को गुरु पूर्णिमा पर श्रद्धालुओं ने अपने गुरुओं का चरण वंदन कर आशीर्वाद लिया। फूल, चंदन और आरती से उनकी पूजा कर दक्षिणा व उपहार दिए। निघासन इलाके में लोगों ने स्कूल, कॉलेज में खुद को पढ़ाने वाले टीचरों तथा जूनियर वकीलों ने अपने सीनियर का चरण वंदन व उनकी आरती करके उनका आशीर्वाद लिया और उनको मीठा, वस्त्र, कलम तथा दक्षिणा दी। तिकुनियां कस्बे के लक्ष्मी नारायण मंदिर में गुरु पूर्णिमा पर सत्संग और भंडारा किया गया। सत्संग में पं. शिवचरन शर्मा ने कहा कि गुरू बहुत बड़ी शक्ति होती है। गुरू की आज्ञा मानना सर्वोपरि होता है। जिस तरह लकड़ी खुद को आग को समर्पित करके जलकर खुद आग बन जाती है, उसी प्रकार खुद को गुरू को समर्पित कर देना पड़ता है। सदियों से चली आ रही गुरू शिष्य परंपरा में गुरुओं ने विश्व को सदा सन्मार्ग पर चलाय...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.