अलीगढ़, अप्रैल 15 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। गुरुद्वारा 104 आरएएफ अलीगढ़ में खालसा साजना दिवस वैसाखी का पर्व बहुत ही श्रद्धा पूर्वक मनाया गया। भाई साहब गुरुमुख सिंह संगतो को कीर्तन द्वारा निहाल किया। पांच सिक्ख शीश दान करके 'पंच प्यारे' बने और 'अमृत छक कर सिंह सजे। जत्थेदार भूपेंद्र सिंह ने बताया कि बैसाखी के साथ भारत के इतिहास की महत्वपूर्ण घटना भी जुड़ी हुई है। वर्ष 1699 में बैसाखी वाले दिन गुरु गोविन्द्र सिंह ने आनंदपुर साहिब में खालसा पंथ का सृजन किया था। गुरू ने देश, धर्म एवं मानवता की रक्षा के लिये पांच शीश मांगे। पांच सिक्ख शीश दान करके 'पंच प्यारे' बने और 'अमृत छक कर सिंह सजे। यह भी पढ़ें- खालसा साजना दिवस वैशाखी का भव्य आयोजन पांच प्यारों के रूप में भाई दयाराम (दया सिंह) खत्री लाहौर निवासी, भाई धर्म दास (धर्म सिंह) जट्ट निवासी ...