नई दिल्ली, मार्च 24 -- नई दिल्ली, प्र. सं.। हरित क्रांति ने भारत को उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाया, लेकिन अब समय है कि मात्रा को मूल्य में बदला जाए। खाद्य प्रसंस्करण उद्योग न केवल देश की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करेगा, बल्कि वैश्विक बाजार में भारतीय उत्पादों की पहचान भी मजबूत करेगा। ये बातें केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री चिराग पासवान ने जामिया मिल्लिया इस्लामिया में इको विषय-इनक्लूसिव पैकेजिंग इन फूड प्रोसेसिंग विषय पर आयोजित सम्मेलन में मंगलवार को कही। उन्होंने कहा कि भारत को वैश्विक फूड बास्केट बनाने के लिए गुणवत्ता और संस्थागत सहयोग सबसे अहम है। इस अवसर पर उन्होंने उद्योग, नियामक संस्थाओं और शोध संस्थानों के बीच मजबूत तालमेल बनाने का आह्वान किया।
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