अहमदाबाद, मई 13 -- गुजरात पुलिस में अब 'स्ट्रीट जस्टिस' नहीं चलेगा। राज्य के डीजीपी डॉ. केएलएन राव ने आरोपियों को सार्वजनिक रूप से अपमानित करने, सड़क पर घुमाने और मारपीट करने जैसी प्रथाओं पर सख्त रोक लगा दी है। उन्होंने साफ कहा है कि ऐसी हरकतों से गुजरात पुलिस की छवि खराब हुई है और पेशेवर जांच पर अमानवीय व्यवहार हावी दिखा है। गुजरात के डीजीपी की ओर से जारी नए निर्देशों में कहा गया है कि गिरफ्तारी से लेकर जांच पूरी होने तक आरोपी की गरिमा और आत्मसम्मान का पूरा ध्यान रखा जाए। पुलिसकर्मियों को आरोपियों से उठक-बैठक करवाने, घुटनों के बल चलाने, पीटने, कान पकड़वाने, माफी मंगवाने या सार्वजनिक रूप से 'मुर्गा' बनाने जैसी हरकतों से सख्ती से रोका गया है। डीजीपी द्वारा जारी किए गए निर्देश में यह भी कहा गया है कि जहां तत्काल गिरफ्तारी जरूरी न हो, वहां प...