गांव व कस्बों में नहीं मिल रही भूमि, कैसे दौड़े विकास का पहिया
देवरिया, जून 6 -- देवरिया, निज संवाददाता। शहर से लेकर ग्राम पंचायतों में पहले रेवड़ी की तरह सरकारी जमीनों को बांट दिया गया। आज स्थिति यह है कि सरकारी योजनाओं के लिए भी भूमि नहीं मिल रही है। कुछ जगहों पर पंचायत भवन व सामुदायिक शौचालय के लिए भूमि की खरीदारी करनी पड़ रही है। कस्बों में हेलीपैड, विद्युत उपकेंद्र, न्यू पीएसची समेत योजनाओं के लिए भूमि की तलाश तो की जा रही है, लेकिन भूमि पर्याप्त नहीं मिल रही है। भूमि न मिलने के चलते गांव व कस्बों में विकास का पहिया नहीं दौड़ रहा है। कुछ जगहों पर भूमि है तो, लेकिन उस अवैध कब्जा है और मामला न्यायालय में है। इसलिए उन भूमि को खाली भी नहीं कराया जा पा रहा है।चकबंदी के बाद गांवों व कस्बों के आसपास सरकारी भूमि पर्याप्त रहीं हैं। लेकिन जिम्मेदारों ने अपनी दरियादिली दिखाई और सरकारी जमीन को रेवड़ी की तरह...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.