नई दिल्ली, अगस्त 5 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने टीजीटी अंग्रेजी परीक्षा के प्रश्नपत्र को लेकर हुई लापरवाही पर हंटर चलाया है। अदालत ने दो टूक लफ्जों में साफ कर दिया है कि अब किसी भी सूरत में छात्रों के करियर से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस कड़ी के मद्देनजर हाई कोर्ट ने सचिव और परीक्षा नियंत्रक तलब को तलब किया है। पूरा मामला टीजीटी (TGT) अंग्रेजी की परीक्षा से जुड़ा है। जरा सोचिए, जिस परीक्षा के दम पर सूबे को होनहार शिक्षक मिलने वाले हों अगर उसी के प्रश्नपत्र में 25 प्रतिशत सवाल गलत पूछ लिए जाएं, तो इसे आप क्या कहेंगे? प्रतियोगी परीक्षाओं में एक-एक नंबर से मेरिट ऊपर-नीचे हो जाती है और यहां तो एक चौथाई पेपर ही सवालों के घेरे में आ गया। जब यह लापरवाही अदालत की चौखट तक पहुंची तो हाईकोर्ट ने इस पर बेहद सख्त ऐतराज जताया और कड़ा रुख अख्तियार क...