नई दिल्ली, अगस्त 6 -- नई दिल्ली, प्रसं। दिल्ली उच्च न्यायालय ने एक डॉक्टर के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई में दखल देने से इनकार कर दिया है, जिस पर आरोप है कि उसने 16 साल की किशोरी के छह सप्ताह के गर्भ को गैरकानूनी तरीके से खत्म कर दिया था। डॉक्टर पर आरोप है कि उसने अधिकारियों को मामले की जानकारी नहीं दी। हाईकोर्ट ने कहा कि डॉक्टर के खिलाफ सही प्रक्रिया के तहत सुनवाई हो रही है। जबकि याचिकाकर्ता डॉक्टर ने दावा किया कि गर्भपात के समय लड़की की उम्र 20 साल बताई गई थी। उसने इस प्रक्रिया के लिए सहमति दी थी। यह भी पढ़ें- Firozabad News: किशोरी की मौत पर जागे अधिकारी, झोलाछाप का क्लीनिक सीजन्यायमूर्ति पुरुषेंद्र कुमार कौरव न्यायमूर्ति पुरुषेंद्र कुमार कौरव की पीठ ने इस बात पर जोर दिया कि कानून के तहत उम्र पता की जानी चाहिए। पीठ ने कहा कि नाबालिग के मामल...