कानपुर, अप्रैल 12 -- -----------------------कानपुर, वरिष्ठ संवाददाता। दादा साहब फाल्के अवार्ड विजेता मशहूर सिंगर आशा भोसले 1995 में कानपुर आईं तो उनके प्रशंसकों ने उन्हें भरपूर सम्मान दिया। कैंट के गैरीसन ग्राउंड पर उनका गाया गीत 'गंगा मैया में जब तक के पानी रहे..आज भी याद किया जाता है। इससे पहले भी वह एक बार और आईं लेकिन मौसम खराब होने की वजह से वाया लखनऊ मुंबई लौट गईं। आयोजकों को कार्यक्रम निरस्त करना पड़ा था।आशा भोसले के निधन से संगीत प्रेमी उदास हैं। वे भी जो कभी किसी न किसी बहाने उनसे रूबरू हुए और वे भी जिन्होंने उन्हें कभी नहीं देखा लेकिन संगीत प्रेमी होने के कारण वह उनके फैन रहे। कानपुर के गैरीसन ग्राउंड में कई लोगों ने उनसे मुलाकात की थी लेकिन उनमें से कुछ मानते हैं कि यह वर्ष 1995 था तो कुछ इसके एक-दो साल बाद। तब इसका आयोजन आर्मी...
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