इटावा औरैया, मार्च 25 -- चैत्र नवरात्र के अवसर पर मानव सेवा संस्थान ग्राम ईंगुर्री द्वारा 28 वां सत्संग समारोह श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें कथा व्यास पं विजयराम शास्त्री ने उपस्थित कथा प्रेमियों को गंगा अवतरण कृष्ण जन्म की कथा सुनाकर दर्शक श्रोताओं का मनमोह लिया। गंगा अवतरण की कथा सुनाते हुए कथा वाचक ने कहा कि राजा सगर के साठ हजार पुत्रों की मुक्ति के लिए अंशुमान और राजा दिलीप आदि ने वर्षों तपस्या कर गंगा अवतरण का प्रयास किया। लेकिन सफलता नहीं मिली। बाद में राजा भगीरथ ने अपनी तपस्या के बल पर मां गंगा को स्वर्ग लोक से पृथ्वी पर उतारकर सगर के पुत्रों का उद्धार किया। गंगा गौमुख से निकलकर भारत के विभिन्न भागों से गुजरते हुए आज भी मानव कल्याण करती है। कंस के अत्याचार को बताया कृष्णजन्म कथा की चर्चा करते हुए कथावाचक ने कहा ...