बाराबंकी, मार्च 31 -- सिरौलीगौसपुर (बाराबंकी)। महाभारत कालीन पांच हजार वर्ष पुराना देव वृक्ष पारिजात हुए बीमार...। वनस्पति अनुसंधान संस्थान फैजाबाद के वैज्ञानिकों की देखरेख में इलाज शुरू हुआ। वैज्ञानिकों की सलाह पर बीमार देव वृक्ष पारिजात के निचले भाग का उपचार करते हुए लेप लगाया गया है। फिलहाल वन विभाग की टीम इलाज में जुटी हुई है। गौरतलब है कि पारिजात धाम बरौलिया में महाभारत काल का लभगभ पांच हजार वर्ष पुराना पारिजात का वृक्ष है। इस वृक्ष से जिले ही नहीं बल्कि विभिन्न प्रांतों के लोगों की आस्था भी जुड़ी हुई है। मान्यता है कि अर्जुन ने महारानी कुंती की पूजा के लिए अपने बाण से इस वृक्ष को स्वर्ग से धरती पर लाए थे। तब से देव वृक्ष पारिजात यहां विद्यमान है।आसपास के आस्थावानों का कहना है कि यदि समय रहते पांच हजार वर्ष पुराने इस देव वृक्ष पारिजात...