रांची, जून 27 -- खूंटी, संवाददाता। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत छात्रों की डिजिटल शैक्षणिक पहचान सुनिश्चित करने के लिए बनाए जा रहे ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री (अपार) आईडी निर्माण अभियान को खूंटी जिले में कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। आधार कार्ड का अभाव, आधार और स्कूल रिकॉर्ड में विवरणों का मेल नहीं होना, तकनीकी समस्याएं, अभिभावकों की सहमति में देरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों में इंटरनेट और बिजली की कमजोर व्यवस्था के कारण बड़ी संख्या में छात्रों का पंजीकरण अब भी अधूरा है। इसका असर नए नामांकन, बोर्ड परीक्षाओं के पंजीकरण और अन्य शैक्षणिक प्रक्रियाओं पर पड़ने लगा है। जिले में संचालित सभी श्रेणी के 1,022 विद्यालयों में लगभग 1.12 लाख छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। इनमें से केवल 86,716 विद्यार्थियों के पास आधार कार्ड उपलब्ध है, ...