गौरीगंज, अप्रैल 12 -- अमेठी। जनपद के सिंहपुर विकासखंड स्थित ग्राम पंचायत खारा ने गोबर को संसाधन में बदलकर विकास की नई इबारत लिख दी है। जिलाधिकारी संजय चौहान की पहल पर यहां स्थापित बायोगैस संयंत्र न सिर्फ गौशाला की व्यवस्था सुधार रहा है, बल्कि ग्राम पंचायत को आत्मनिर्भर भी बना रहा है। गांव में संचालित गौशाला में लगभग 600 से अधिक निराश्रित पशु संरक्षित हैं। जिनसे प्रतिदिन 2.5 से 3 कुंतल गोबर निकलता है। पहले यही गोबर गांव में गंदगी और दुर्गंध का कारण बनता था। वहीं गौशाला संचालन के लिए बिजली पर निर्भरता के चलते आर्थिक बोझ बढ़ता जा रहा था। जिसे देखते हुए गोबरधन योजना के तहत करीब 46 लाख रुपये की लागत से 140 घन मीटर क्षमता का बायोगैस संयंत्र स्थापित किया गया है। इसमें केंद्र सरकार से 27.60 लाख और राज्य सरकार से 18.40 लाख रुपये का अनुदान मिला। अब...
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