आगरा, मार्च 29 -- खाड़ी देशों में चल रही जंग का तपिश से कासगंज जनपद के चावल-आलू पर संकट है, खाड़ी देशों को एक्सपोर्ट नहीं होने से चावल व आलू को लेकर किसान मारे-मारे फिर रहे हैं। किसानों को फसल की अच्छी कीमत नहीं मिल पा रही। इजरायल-ईरान युद्ध में चावल व आलू का खेल बिगड़ने के बाद अब किसानों को सरसों से उम्मीद है। सरसों की कीमतें 64 सौ रुपए से अधिक होने की उम्मीद किसान लगाए बैठे हैं। सरसों की कीमतों में वृद्धि का असर सरसों के तेल पर भी दिख रहा है। रविवार को शहर की गल्ला मंडी में कम आवक की वजह से सरसों 64 सौ रुपए कुंटल बिकी है। किसान सरसों की अच्छी कीमत मिलने से काफी खुश नजर आ रहे हैं। किसानों को आलू व चावल की फसल में घाटा हुआ। आलू की फसल की तो किसानों को लगात भी नहीं मिली है। ऐसे में जिन किसानों ने आलू, चावल के साथ सरसों की फसल की है। उन्हें...